आर्थिक पैकेज: एमएसएमई सेक्टर और 15 हजार वेतन पाने कर्मचारियों को बड़ी राहत

65
2685
Spread the love

नई दिल्ली। कोरोना महमारी के चलते पटरी से उतरी देश की अ​र्थव्यवस्था को दोबारा पटरी पर लाने के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की तरफ से 20 लाख करोड़ के आर्थिक पैकेज के ऐलान के एक दिन बाद वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने राहत पैकेज के बारे में विस्तृत जानकारी दी।

एमएसएमई सेक्टर

बुधवार को प्रेसवार्ता में वित्त मंत्री ने कहा कि स्पेशल पैकेज में से लघु एवं मध्यम उद्योगों यानी एमएसएमई के लिए 3 लाख करोड़ रुपए का लोन दिया जाएगा। उन्होंने बताया कि यह गारंटी फ्री लोन 4 साल के लिए होगा और पहले साल मूलधन नहीं चुकाना होगा। इससे 45 लाख छोटे उद्योगों को इससे फायदा पहुंचेगा।

आर्थिक पैकेज: एमएसएमई सेक्टर और 15 हजार वेतन पाने कर्मचारियों को बड़ी राहत

कर्मचारियों के लिए राहत

निर्मला सीतारमण ने कहा कि जून,जुलाई और अगस्त में ईपीएफ में कर्मचारी और नियोक्ता दोनों का 12-12 फीसदी हिस्सा सरकार देगी। इस योजना के तहत ऐसे कर्मचारी आएंगे जिनकी सैलरी 15000 रुपये महीने तक है। सरकारी बैंकों में फंसे हुए पैसे को अगले 45 दिनों में निकलवाया जाएगा। 200 करोड़ से कम वाले काम में ग्लोबल टेंडर नहीं होगा जिसका फायदा एमएसएमई को मिलेगा।

आयकर रिटर्न की तारीख 30 नवंबर तक बढ़ी

मार्च 2021 तक टीडीएस और टीसीएस की दरों में 25 फीसदी की कटौती। आयकर रिटर्न (ITR) दाखिल करने की तारीख बढ़ाकर 30 नवंबर 2020 तक कर दी गई है। विवाद से विश्वास स्कीम 31 दिसंबर 2020 तक बढ़ाई गई।

एनबीएफसी के लिए 30 हजार करोड़ रुपए

गैर बैंकिग वित्तीय कंपनियों की लिक्विडिटी की समस्या दूर करने के लिए 30 हजार करोड़ रुपए की स्पेशल लिक्विडिटी स्कीम शुरू होगी। एनबीएफसी के साथ हाउसिंग फाइनेंस और माइक्रो फाइनेंस को भी इसी 30 हजार करोड़ में जोड़ा गया है। इनकी पूरी गारंटी भारत सरकार देगी। 45,000 करोड़ रुपए की आंशिक क्रेडिट गारंटी एनबीएफसी को दी जाएगी। इसमें एए पेपर्स और इसके नीचे के रेटिंग वाले पेपर्स को भी कर्ज मिलेगा। अनरेटेड पेपर्स के लिए भी इसमें प्रावधान किया गया है। इससे नई लेंडिंग को बढ़ावा मिलेगा।

पावर जनरेटिंग कंपनियों को 90 हजार करोड़ रुपए

राज्यों की पावर जनरेटिंग कंपनियों को बढ़ावा देने के लिए 90,000 करोड़ रुपए दिए जाएंगे। डिस्कॉम यानी पावर जनरेटिंग कंपनियों को इससे फायदा मिलेगा। बिजली वितरण कंपनियों की आय में भारी कमी आई है। बिजली उत्पादन और वितरण करनेवाली कंपनियों के लिए यह प्रावधान किया गया है। 90 हजार करोड़ रुपए सरकारी कंपनियों पीएफसी, आरईसी के माध्यम से दिया जाएगा। कॉन्ट्रैक्टर को 6 महीने की राहत बिना किसी शर्त के दी जाएगी।

ठेकेदारों को राहत

सभी सरकारी एजेंसियां जैसे रेलवे, रोडवेज कॉन्ट्रैक्ट में 6 महीने का एक्सटेंशन देंगी। इन 6 महीनों के दौरान ठेकेदारों को बिना किसी शर्त के राहत दी जाएगी। ठेकेदार जो आंशिक सिक्योरिटीज देते थे, उसे वापस किया जाएगा। मान लीजिए 70 प्रतिशत किसी ने काम किया है तो उसकी बाकी की 30 प्रतिशत गारंटी उसे वापस की जा सकती है। जितना काम होगा, उस आधार पर यह गारंटी रिलीज की जा सकती है।


Spread the love

WordPress database error: [Table './riditmed_wp933/wpk5_comments' is marked as crashed and last (automatic?) repair failed]
SELECT SQL_CALC_FOUND_ROWS wpk5_comments.comment_ID FROM wpk5_comments WHERE ( comment_approved = '1' ) AND comment_post_ID = 324 ORDER BY wpk5_comments.comment_date_gmt ASC, wpk5_comments.comment_ID ASC

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here